चेक ओपन 2026: दीक्षा डागर की दमदार वापसी, तीन भारतीय महिला गोल्फरों ने कट किया पार

punjabkesari.in Sunday, Jun 28, 2026 - 03:34 PM (IST)

स्पोर्ट्स डेस्क :  चेक गणराज्य में खेले जा रहे टिप्सपोर्ट चेक लेडीज ओपन 2026 में भारतीय महिला गोल्फरों ने शानदार प्रदर्शन किया है। पूर्व चैंपियन दीक्षा डागर ने दूसरे दौर में एक अंडर 69 का कार्ड खेलकर खिताब की दौड़ में खुद को बनाए रखा। उनके अलावा प्रणवी उर्स और वाणी कपूर ने भी कट हासिल कर भारत की चुनौती को मजबूत किया। हालांकि अवनि प्रशांत, रिद्धिमा दिलावड़ी और हिताशी बख्शी कट पार करने में सफल नहीं हो सकीं।

दीक्षा डागर ने बनाए रखी खिताब जीतने की उम्मीद

2019 की चैंपियन दीक्षा डागर ने दूसरे राउंड में संयमित खेल दिखाते हुए एक अंडर 69 का स्कोर बनाया। पहले दिन के शानदार 66 के बाद उन्होंने लगातार अच्छा प्रदर्शन जारी रखा और 36 होल के बाद कुल नौ अंडर पार के स्कोर के साथ संयुक्त 11वें स्थान पर पहुंच गईं। हाल ही में डच लेडीज ओपन में संयुक्त तीसरे स्थान पर रहने वाली दीक्षा शानदार लय में नजर आ रही हैं। वह लीडर से सिर्फ चार शॉट पीछे हैं और अंतिम दौर में मजबूत चुनौती पेश कर सकती हैं।

प्रणवी उर्स और वाणी कपूर ने भी किया प्रभावित

भारत की युवा गोल्फर प्रणवी उर्स ने दूसरे दौर में बेहतरीन 67 का कार्ड खेलकर अपनी स्थिति मजबूत की और आसानी से कट हासिल किया। वहीं अनुभवी वाणी कपूर ने 70 का स्कोर बनाकर सप्ताहांत के मुकाबलों में जगह बनाई। तीन भारतीय खिलाड़ियों का अंतिम दो दौर में पहुंचना भारतीय गोल्फ के लिए सकारात्मक संकेत माना जा रहा है।

तीन भारतीय खिलाड़ियों का अभियान हुआ समाप्त

दूसरी ओर भारत की अवनि प्रशांत, रिद्धिमा दिलावड़ी और हिताशी बख्शी उम्मीद के मुताबिक प्रदर्शन नहीं कर सकीं। तीनों खिलाड़ी कट लाइन पार करने में नाकाम रहीं और उनका अभियान दूसरे दौर के बाद ही समाप्त हो गया।

स्वीडन और इंग्लैंड की खिलाड़ियों के बीच शीर्ष स्थान की जंग

टूर्नामेंट में फिलहाल स्वीडन की लिसा पीटरसन और इंग्लैंड की चार्लोट हीथ संयुक्त बढ़त पर हैं। दोनों खिलाड़ियों का कुल स्कोर 13 अंडर पार है। हालांकि दीक्षा डागर उनसे केवल चार शॉट पीछे हैं। ऐसे में अंतिम दौर में मजबूत प्रदर्शन उन्हें एक बार फिर खिताब की दौड़ में सबसे बड़े दावेदारों में शामिल कर सकता है।

भारतीय गोल्फ की नजरें अब अंतिम दौर पर

तीन भारतीय खिलाड़ियों के कट पार करने से भारतीय प्रशंसकों की उम्मीदें बढ़ गई हैं। खासकर दीक्षा डागर जिस तरह की फॉर्म में हैं, उसे देखते हुए उनसे एक और यादगार प्रदर्शन की उम्मीद की जा रही है। अगर वह अंतिम दौर में आक्रामक खेल दिखाती हैं तो 2019 के बाद एक बार फिर चेक लेडीज ओपन का खिताब जीत सकती हैं।


सबसे ज्यादा पढ़े गए

Content Editor

Ishtpreet Singh

Related News