यशस्वी जायसवाल पर लग सकता था 4 मैचों का बैन, रहाणे ने इस तरह बचाया युवा बल्लेबाज का करियर
punjabkesari.in Sunday, Aug 09, 2026 - 10:32 AM (IST)
नई दिल्ली: अजिंक्य रहाणे ने यशस्वी जायसवाल से जुड़े 2022 दलीप ट्रॉफी फाइनल के एक पुराने विवाद को लेकर बड़ा खुलासा किया है। रहाणे के मुताबिक, उस मुकाबले में जायसवाल पर चार मैचों का बैन लग सकता था। मैच के दौरान जायसवाल और साउथ जोन के बल्लेबाज टी रवि तेजा के बीच लगातार बहस हुई थी, जिसके बाद मैच अधिकारियों ने उन्हें कई बार चेतावनी दी थी।
वेस्ट जोन के कप्तान रहाणे ने स्थिति को बिगड़ने से रोकने के लिए पहले जायसवाल को समझाने की कोशिश की। हालांकि, जब दोनों खिलाड़ियों के बीच बहस जारी रही तो रहाणे को अपने साथी खिलाड़ी को कुछ समय के लिए मैदान से बाहर जाने के लिए कहना पड़ा।
मैच रेफरी ने तैयार कर लिया था 4 मैचों के बैन का पत्र
रहाणे ने 'द इंडियन एक्सप्रेस' से बातचीत में बताया कि जायसवाल पर कार्रवाई लगभग तय हो चुकी थी। उन्होंने दावा किया कि मैच रेफरी ने चार मैचों के बैन का पत्र तक तैयार कर लिया था, लेकिन उनके हस्तक्षेप के बाद उस कार्रवाई को रोक दिया गया।
रहाणे ने कहा, 'मुझे उस समय लगा कि स्थिति हाथ से निकल सकती है। यशस्वी को उस वक्त बुरा जरूर लगा होगा। लेकिन हमने कई बार देखा है कि खिलाड़ियों पर बैन लग जाता है। आपको पता नहीं होता कि समय कैसे बदलता है। एक मौका चला जाता है और आपका समय बदल सकता है।' उन्होंने आगे कहा, 'मुझे लगा कि दोनों खिलाड़ी नियंत्रण से बाहर हो रहे हैं और अपने साथी खिलाड़ी को संभालना मेरी जिम्मेदारी थी।'
रहाणे के सामने फाड़ दिया गया बैन का पत्र
रहाणे ने बताया कि मैच रेफरी ने खुद उनके पास आकर चार मैचों के बैन का पत्र दिखाया था। हालांकि, बाद में उन्होंने रहाणे के हस्तक्षेप को देखते हुए कार्रवाई नहीं करने का फैसला किया। रहाणे ने कहा, 'मैच रेफरी चार मैचों के बैन का पत्र लेकर मेरे पास आए। उन्होंने कहा, 'यह पत्र है, लेकिन आपने जो किया है, उसकी वजह से मैं इसे फाड़ रहा हूं।' उन्होंने मेरे सामने वह पत्र फाड़ दिया।' रहाणे ने कहा कि उन्हें खुशी थी कि जायसवाल पर मैच बैन नहीं लगा और वह अपने करियर को आगे बढ़ा सके।
'आज वह भारत के लिए खेल रहा है'
रहाणे ने इस घटना के संभावित असर को लेकर कहा कि अगर उस समय जायसवाल पर बैन लग जाता तो उनके करियर की दिशा अलग हो सकती थी। हालांकि, उन्होंने यह भी साफ किया कि वह जायसवाल की सफलता का श्रेय खुद नहीं लेना चाहते। रहाणे ने कहा, 'अंत में मैं खुश था कि यशस्वी पर कोई मैच बैन नहीं लगा और आज वह भारत के लिए खेल रहा है। पता नहीं उसके बाद क्या होता। शायद वह आगे नहीं खेल पाता, शायद खेलता। वह एक बेहतरीन खिलाड़ी है और मैं उससे कोई श्रेय नहीं ले रहा हूं। लेकिन आप कभी नहीं जानते कि चीजें किस तरह बदल सकती हैं।'
2025 में फिर सामने आया था दोनों के बीच विवाद
जायसवाल और रहाणे के रिश्ते को लेकर 2025 में भी काफी चर्चा हुई थी। उस समय ऐसी रिपोर्ट सामने आई थीं कि जायसवाल मुंबई छोड़कर घरेलू क्रिकेट में गोवा का प्रतिनिधित्व करने पर विचार कर रहे हैं। हालांकि, बाद में उन्होंने अपना फैसला बदल दिया था।
रिपोर्ट्स में दावा किया गया था कि रहाणे के साथ उनके रिश्तों में तनाव भी इस संभावित फैसले की एक वजह था। यह भी आरोप सामने आया था कि मुंबई क्रिकेट से जुड़े एक विवाद के दौरान जायसवाल ने रहाणे के किट बैग को लात मारी थी। बताया गया था कि रहाणे ने मुंबई क्रिकेट के प्रति उनकी प्रतिबद्धता पर सवाल उठाए थे।
हालांकि, 2022 की घटना को लेकर रहाणे के इस ताजा खुलासे ने दोनों खिलाड़ियों के रिश्ते और उस समय की परिस्थितियों पर एक नया नजरिया सामने रखा है।

