दीपिका कुमारी की अगुआई में भारत ने चीन को हराकर जीता तीरंदाजी विश्व कप स्वर्ण
punjabkesari.in Sunday, May 10, 2026 - 12:57 PM (IST)
शंघाई: भारतीय महिला रिकर्व टीम ने शंघाई में खेले जा रहे तीरंदाजी विश्व कप 2026 के दूसरे चरण में शानदार प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक अपने नाम कर लिया। दीपिका कुमारी, अंकिता भकत और कुमकुम मोहोद की तिकड़ी ने रोमांचक फाइनल में मेजबान चीन को शूट-ऑफ में 5-4 (28-26) से हराकर गोल्ड मेडल जीता।
फाइनल में कांटे की टक्कर
फाइनल मुकाबला बेहद रोमांचक रहा। भारत ने पहला सेट 54-53 से जीतकर शानदार शुरुआत की। हालांकि चीन ने जोरदार वापसी करते हुए दूसरा सेट 55-52 से जीत लिया और मुकाबला 2-2 से बराबर कर दिया। तीसरे सेट में चीन ने 57-56 से जीत दर्ज कर बढ़त बना ली, लेकिन भारतीय टीम ने दबाव में शानदार वापसी करते हुए चौथा सेट जीत लिया और मुकाबले को शूट-ऑफ तक पहुंचा दिया।
शूट-ऑफ में दीपिका ने दिलाई जीत
निर्णायक शूट-ऑफ में भारतीय खिलाड़ियों ने बेहतरीन संयम दिखाया। अंकिता भकत ने नौ अंक जुटाए, जबकि 17 वर्षीय कुमकुम मोहोद ने शानदार 10 का स्कोर किया। इसके बाद जीत के लिए भारत को आठ अंक की जरूरत थी और अनुभवी दीपिका कुमारी ने दबाव के बीच नौ अंक हासिल कर भारत को यादगार जीत दिला दी। इस जीत के साथ भारत ने 2021 के बाद महिला रिकर्व टीम स्पर्धा में पहला विश्व कप स्वर्ण पदक जीता।
दक्षिण कोरिया को हराकर फाइनल में पहुंचा था भारत
भारतीय टीम ने सेमीफाइनल में बड़ा उलटफेर करते हुए 10 बार की ओलंपिक चैंपियन दक्षिण कोरिया को हराया था। फाइनल में चीन जैसी मजबूत टीम को उसके घरेलू दर्शकों के सामने हराना भारतीय टीम के लिए बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है।
दीपिका कुमारी ने निभाई नेतृत्व की भूमिका
राष्ट्रीय कोच नियुक्ति को लेकर चल रहे विवाद के बीच भारतीय टीम बिना पूर्णकालिक कोच के टूर्नामेंट खेलने उतरी थी। ऐसे में अनुभवी दीपिका कुमारी ने टीम का नेतृत्व संभाला और युवा खिलाड़ियों का लगातार हौसला बढ़ाया। 2010 से अब तक दीपिका के नाम अब सात विश्व कप टीम स्वर्ण पदक हो चुके हैं। वह 2021 में ग्वाटेमाला सिटी और पेरिस में गोल्ड जीतने वाली भारतीय टीम का भी हिस्सा थीं।
भारत के खाते में दूसरा पदक
शंघाई विश्व कप में भारत का यह दूसरा पदक है। इससे पहले कंपाउंड तीरंदाज साहिल जाधव ने कांस्य पदक जीतकर भारत का खाता खोला था। वहीं रिकर्व तीरंदाज सिमरनजीत कौर के पास भी पदक जीतने का मौका है। उन्हें अपने सेमीफाइनल मुकाबले में जीत दर्ज करनी होगी।

