अफगानिस्तान में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेलने का सपना विश्व कप खेलने से भी बड़ा है: राशिद खान
punjabkesari.in Saturday, Feb 07, 2026 - 05:15 PM (IST)
चेन्नई : राशिद खान और अफगानिस्तान के उनके साथी खिलाड़ी दुनिया भर में क्रिकेट खेल कर कई उपलब्धियां हासिल कर चुके हैं लेकिन अपने देश में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेलने का उनका सपना अब भी अधूरा है। युद्ध से प्रभावित अफगानिस्तान में अब तक कोई भी अंतरराष्ट्रीय मुकाबला आयोजित नहीं हो पाया है। हालात इतने खराब रहे कि टीम को अपने घरेलू मैचों के लिए विदेशों के शहरों का चयन करना पड़ता है।
इसी कारण भारत में ग्रेटर नोएडा, देहरादून और लखनऊ, जबकि संयुक्त अरब अमीरात में शारजाह और अबूधाबी अलग-अलग समय पर अफगानिस्तान टीम के घरेलू ठिकाने रहे हैं। राशिद हालांकि इस सपने को छोड़ने के लिए तैयार नहीं हैं। उन्होंने न्यूजीलैंड के खिलाफ टी20 विश्व कप मैच से पहले भावुक अंदाज में कहा, 'ईमानदारी से कहूं तो यह मेरे लिए, टीम के लिए और हर खिलाड़ी के लिए विश्व कप से भी बड़ा सपना है। हम अगर अफगानिस्तान में कोई अंतरराष्ट्रीय मैच खेल पाते हैं, तो दुनिया देखेगी कि वहां के लोग कैसे हैं, वे खिलाड़ियों का कैसे स्वागत करते हैं और क्रिकेट का कितना लुत्फ उठाते हैं। अपने देश में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेलना किसी सपने से बढ़कर है।'
राशिद खान ने कहा कि अफगानिस्तान की टीम जहां भी खेलने जाती है, उन्हें भरपूर प्यार मिलता है। यह आईपीएल के दौरान और भी ज्यादा महसूस होता है। उन्होंने हालांकि माना कि अपने देश में घरेलू दर्शकों के सामने खेलना बिल्कुल अलग अनुभव होगा। राशिद ने कहा, 'जब हम यहां (भारत में) आईपीएल खेलते हैं या अंतरराष्ट्रीय मैच खेलते हैं, तो महसूस करते हैं कि स्थानीय दर्शक अपने अंतरराष्ट्रीय सितारों को कितना समर्थन और प्यार देते हैं। मैं यह नहीं कह रहा कि हमें यहां प्यार नहीं मिलता। हमें भी यहां बहुत प्यार मिलता है।'
उन्होंने आगे कहा, 'जब भी हम यहां खेलते हैं, हमें काफी समर्थन मिलता है, खासकर आईपीएल और 2023 के विश्व कप में हमने इसे महसूस किया है। हमें कभी ऐसा महसूस नहीं हुआ कि हम अफगानिस्तान से दूर हैं। लेकिन अपने देश में खेलना एक अलग ही एहसास होता है। तब पूरी दुनिया अफगानिस्तान को भी देखेगी कि यह देश कितना खूबसूरत है। उम्मीद है कि एक दिन हम ऐसा माहौल बना पाएंगे कि कोई अंतरराष्ट्रीय टीम वहां आकर क्रिकेट खेले।'
राशिद ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट के साथ अफगानिस्तान की घरेलू क्रिकेट में भी कोई मजबूत ढांचा नहीं है जिससे कई बार राष्ट्रीय टीम के लिए खिलाड़ियों का चयन करना मुश्किल हो जाता है। इस लेग स्पिनर ने कहा, 'अफगानिस्तान के घरेलू क्रिकेट में छोटे प्रारूप के ज्यादा मैच नहीं होते है। हमारे यहां चार दिवसीय क्रिकेट होता है और कप्तान के तौर पर कई बार सीमित ओवर प्रारूप के लिए टीम का चयन करना मुश्किल हो जाता है।'
राशिद ने कहा कि टीम चयन के लिए फिलहाल सबसे बड़ी कमी प्रतिस्पर्धा की है। उन्होंने कहा, 'हमारी गेंदबाजी की तरह अगर बल्लेबाजी में भी प्रतिस्पर्धा हो तो हम बिल्कुल अलग स्तर पर पहुंच सकते हैं। यह तभी संभव है जब घरेलू क्रिकेट मजबूत हो और देश के अंदर ज्यादा मुकाबले हों। असली प्रतिभा वहीं से निकलती है। जो कुछ आप टीवी पर देखते हैं, वह सब कुदरती प्रतिभा का नतीजा है।'
राशिद ने अफगानिस्तान की महिला टीम को अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेलते देखने की भी इच्छा जताई। उन्होंने कहा, 'मुझे लगता है कि पूर्ण सदस्य बनने के लिए यह जरूरी मानको में से एक है। आईसीसी और अफगानिस्तान क्रिकेट बोर्ड इस बारे में बेहतर जानते हैं। हमें अफगानिस्तान का प्रतिनिधित्व करने वाले किसी भी खिलाड़ी को किसी भी मंच पर देखना गर्व की बात लगती है।'

